यूपी की राजधानी दिल्ली
सर अपने घर इटावा जाना है। चार दिनों की छुट्टी चाहिए? उस लड़की ने मेरे करीब आकर कहा। इटावा कहां है मैंने पूछा? उसने कहा यूपी में। मैंने फिर पूछा यूपी की राजधानी क्या है? उसने कहा दिल्ली। इस बार मैं चौका और कुर्सी पर बैठे बैठे ही उसकी ओर मुखातिब हो बोला, जरा फिर से बोलना। उसे लगा कुछ गड़बड़ है। इस बार उसने कहा कानपुर। मैं तमतमा उठा। मैंने कहा किसने कहा तुमसे पत्रकारिता करने को। जब तुम्हें यही नहीं पता कि यूपी की राजधानी क्या है तो तुम करोगी क्या? वो घबरा गई और बोली सर वो मैं भूल गई। पता करके बता दूंगीं। ये लड़की किसी संस्थान से पत्रकारिता का कोर्स करने के बाद दो महीने की ट्रेनिंग के लिए आ रही थी। ऐसे बच्चे सालभर आते जाते रहते हैं। उनका सामान्य ज्ञान परखने के लिए अक्सर मैं उनसे इस तरह के सवाल करता रहता हूं। ज्यादातर निराश करते हैं। टेलीविजन चकाचौंध वाला प्रोफेशन है इसलिए अधिकतर इसमें करियर बनाना चाहते हैं। इसी लड़की के साथ उसकी एक हमउम्र और है। उसके पिता नहीं है। मां सब्जी का ठेला लगाती है। किसी तरह बेटी को प्राइवेट विश्वविद्यालय से पत्रकारिता का कोर्स कराया। दो लाख रुपये खर्च कर दिए लेक...